चमोली : पिंडर की बेटी नन्दा सती को तीलू रौतेली पुरस्कार

Team PahadRaftar

संगीत के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए मुख्यमंत्री धामी ने किया सम्मानित

केएस असवाल चमोली /नारायणबगड़। पिंडर घाटी की लोक संस्कृति को अपनी आवाज से पहचान दिला रही नन्दा सती ने एक और उपलब्धि अपने नाम की है। संगीत के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए उन्हें राज्य स्तरीय तीलू रौतेली राज्य स्त्री शक्ति पुरस्कार से सम्मानित किया गया। देहरादून स्थित मुख्यमंत्री सेवक सदन में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्य ने नन्दा सती को पुरस्कार प्रदान किया।

नन्दा सती को यह सम्मान मिलने से पिंडर घाटी के साथ ही चमोली जिले में खुशी का माहौल है। लोक संगीत और संस्कृति के क्षेत्र में सक्रिय नन्दा सती ने अपनी प्रतिभा के बल पर अलग पहचान बनाई है। उनकी उपलब्धि को क्षेत्र की बेटियों के लिए प्रेरणादायी बताया जा रहा है।

सम्मान मिलने के बाद नन्दा सती ने कहा कि यह उनके जीवन का गौरवपूर्ण क्षण है। पुरस्कार ने उनकी जिम्मेदारी को और बढ़ा दिया है। वह आगे भी संगीत और लोक संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए पूरी निष्ठा से कार्य करेंगी।

उन्होंने कहा कि लोक संस्कृति हमारी पहचान है और इसे नई पीढ़ी तक पहुंचाना सभी की जिम्मेदारी है। नन्दा सती ने भविष्य में संगीत के क्षेत्र में और बेहतर कार्य करने तथा नए मुकाम हासिल करने का संकल्प जताया।

क्षेत्र में खुशी की लहर

नन्दा सती की उपलब्धि पर पिंडर घाटी के स्थानीय लोगों, जनप्रतिनिधियों और शुभचिंतकों ने खुशी जताई। उन्होंने नन्दा सती को बधाई देते हुए कहा कि उनकी सफलता ने पिंडर घाटी और चमोली का मान बढ़ाया है।

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