देवाल के दो प्रमुख मेलों को राजकीय दर्जा मिलने पर हुआ आभार कार्यक्रम, संस्कृति और स्थानीय कारोबार को मिलेगा बढ़ावा
गिरीश चंदोला थराली/देवाल। थराली विधानसभा क्षेत्र के लिए बड़ी उपलब्धि सामने आई है। क्षेत्र के तीन प्रमुख मेलों को राजकीय मेला घोषित किया गया है। इनमें प्राचीन देवाल कौथिग, देवाल विकासखंड का पूर्व विधायक स्व. शेर सिंह दानू स्मृति मेला लोहाजंग और नंदानगर विकासखंड का बेरासकुंड मेला शामिल हैं। मेलों को राजकीय दर्जा मिलने पर क्षेत्रवासियों में खुशी का माहौल है।
थराली विधायक भूपाल राम टम्टा ने तीनों मेलों को राजकीय मेला घोषित किए जाने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार जताया। उन्होंने कहा कि क्षेत्रवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी हुई है। इससे स्थानीय संस्कृति, परंपराओं और लोक आयोजनों को नई पहचान मिलने के साथ ही इन्हें व्यापक स्तर पर आयोजित करने में मदद मिलेगी।
देवाल में विधायक का किया स्वागत
देवाल कौथिग और लोहाजंग मेले को राजकीय मेला घोषित किए जाने पर देवाल ब्लॉक कार्यालय में आभार कार्यक्रम आयोजित किया गया। क्षेत्रवासियों और भाजपा कार्यकर्ताओं ने विधायक भूपाल राम टम्टा का माल्यार्पण कर स्वागत किया। वक्ताओं ने कहा कि एक साथ देवाल ब्लॉक के दो प्रमुख मेलों को राजकीय दर्जा मिलना क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
वक्ताओं ने कहा कि देवाल कौथिग क्षेत्र की प्राचीन लोक संस्कृति और परंपराओं से जुड़ा आयोजन है। राजकीय दर्जा मिलने से मेले को व्यापक पहचान मिलने के साथ स्थानीय कलाकारों को मंच, लोक संस्कृति के संरक्षण और व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
संस्कृति संरक्षण को मिलेगा बढ़ावा
विधायक भूपाल राम टम्टा ने कहा कि सरकार प्रदेश की संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण के लिए लगातार प्रयास कर रही है। राजकीय दर्जा मिलने के बाद इन मेलों का आयोजन अधिक व्यवस्थित और व्यापक स्तर पर किया जा सकेगा। इससे स्थानीय लोगों और कलाकारों को भी लाभ मिलेगा।
कार्यक्रम में ब्लॉक प्रमुख तेजपाल रावत, देवाल कौथिग मेला समिति अध्यक्ष लखन रावत, पूर्व अध्यक्ष नरेंद्र बिष्ट, भाजपा मंडल अध्यक्ष उमेश मिश्रा, युवा मोर्चा अध्यक्ष विनायक मिश्रा, किसान मोर्चा अध्यक्ष धीरेंद्र बिष्ट, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह रावत, गणेश मिश्रा, पूर्व ब्लॉक प्रमुख नंदा देवी समेत बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी और भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
