
फूलों की घाटी के खुले कपाट, पर्यटकों का पहला दल पहुंचा
संजय कुंवर जोशीमठ : विश्व धरोहर के कपाट सोमवार को विधि-विधान और पूजा-अर्चना के साथ पर्यटकों के लिए खोल दिए गए। कपाट खुलने के साथ ही पर्यटकों का पहला दल घाटी की ओर रवाना हुआ।
वन विभाग और पार्क प्रशासन की मौजूदगी में द्वार पूजन संपन्न हुआ। अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष भी देश-विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटकों के पहुंचने की उम्मीद है। पर्यटकों की सुविधा और सुरक्षा के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं।
हिमालय की गोद में बसी फूलों की घाटी अपनी दुर्लभ वनस्पतियों और रंग-बिरंगे फूलों के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध है। जुलाई और अगस्त के दौरान घाटी अपने पूरे शबाब पर होती है, जब यहां सैकड़ों प्रजातियों के फूल खिलकर प्राकृतिक सौंदर्य का अनुपम दृश्य प्रस्तुत करते हैं।
प्रशासन ने पर्यटकों से पर्यावरण संरक्षण के नियमों का पालन करने और घाटी की जैव विविधता को सुरक्षित रखने में सहयोग की अपील की है। कपाट खुलने के साथ ही क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।

