नौवें दिन राज्य मंत्री चंडी प्रसाद भट्ट ने किया कथा श्रवण, कथावाचक प्रमोद चमोली ने सुनाई शिव महिमा
लक्ष्मण नेगी ऊखीमठ। तल्लानागपुर क्षेत्र के बावई गांव में भगवती राज-राजेश्वरी की पावन डोली के सान्निध्य में आयोजित 11 दिवसीय महा शिवपुराण कथा में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। मां दक्षिण काली परिवार रानी पोखरी एवं ग्राम पंचायत बावई के संयुक्त तत्वावधान में ईश्वरेश्वर महादेव मंदिर परिसर में चल रही कथा में प्रतिदिन दूर-दराज के गांवों से श्रद्धालु पहुंचकर भगवान शिव की महिमा का श्रवण कर रहे हैं।
महा शिवपुराण कथा के नौवें दिन प्रख्यात कथावाचक प्रमोद चमोली ने भगवान शिव की करुणा, वैराग्य, भक्ति और धर्म की महत्ता का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने कहा कि शिवपुराण केवल धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि मानव जीवन को सत्य, सेवा, संयम और सदाचार का मार्ग दिखाने वाला दिव्य ज्ञान है। भगवान शिव की आराधना से जीवन के कष्ट दूर होते हैं तथा सुख, शांति और आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त होता है।
कथा के दौरान भगवान शिव और माता पार्वती के दिव्य चरित्रों तथा शिवभक्ति से जुड़े प्रसंगों का विस्तृत वर्णन किया गया। पूरा कथा स्थल दिनभर ‘हर-हर महादेव’ और ‘जय मां राज-राजेश्वरी’ के जयघोषों से गूंजता रहा।
नौवें दिन उत्तराखंड सरकार में राज्य मंत्री चंडी प्रसाद भट्ट ने कथा स्थल पहुंचकर भगवान शिव का पूजन-अर्चन किया और शिवपुराण कथा का श्रवण किया। उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक मूल्यों और सामाजिक समरसता को मजबूत करते हैं। उन्होंने लोगों से अपनी समृद्ध लोक संस्कृति और धार्मिक परंपराओं के संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
ग्राम प्रधान शालिनी देवी ने बताया कि कथा के समापन तक प्रतिदिन धार्मिक अनुष्ठान, भजन-कीर्तन, पूजा-अर्चना और प्रसाद वितरण का आयोजन किया जाएगा। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यापक व्यवस्थाएं भी की गई हैं।
ईश्वरेश्वर महादेव मंदिर समिति के अध्यक्ष गंभीर सिंह नेगी ने बताया कि आयोजन में महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों की उल्लेखनीय भागीदारी देखने को मिल रही है। संपूर्ण तल्लानागपुर क्षेत्र इन दिनों भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर है। कथा में जय चमोली, गौरव सेमवाल और शुभम मैठाणी संगीत सहयोग दे रहे हैं।
इस अवसर पर उपासक अजय बिष्ट, भाजपा अगस्त्यमुनि नगर मंडल अध्यक्ष मनोज राणा, राजेंद्र सजवाण, भागचंद नेगी, सूरज पाल गुसाईं, विजयपाल सिंह रावत, विचित्र नेगी, रविंद्र राणा, गुमान सिंह चौहान, कौशल्या देवी, अनीता देवी, सुरेंद्र सिंह नेगी, विनोद बासकण्डी, स्वामी विजयपाल, विजया देवी, वासुदेई देवी सहित सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे।
