चमोली : कैंडल मार्च निकाल डॉ. कैलाश पुष्वाण को दी भावभीनी श्रद्धांजलि

Team PahadRaftar

भारत सेवाश्रम आश्रम से शहीद स्मारक तक उमड़ा जनसैलाब, हादसे के जिम्मेदार चालक की गिरफ्तारी की उठी मांग

लक्ष्मण नेगी ऊखीमठ। पंच केदार होटल/होम स्टे एसोसिएशन की अध्यक्ष एवं जिला पंचायत सदस्य परकण्डी प्रीति पुष्वाण के पति डॉ. कैलाश पुष्वाण की सड़क हादसे में हुई आकस्मिक मृत्यु से पूरी केदारघाटी शोक में डूबी हुई है। बुधवार को विभिन्न सामाजिक संगठनों, जनप्रतिनिधियों, व्यापारियों, होटल एवं होम स्टे संचालकों, मातृशक्ति और क्षेत्रीय ग्रामीणों ने कैंडल मार्च निकालकर दिवंगत डॉ. कैलाश पुष्वाण को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।

कैंडल मार्च भारत सेवाश्रम आश्रम से शुरू होकर मुख्य बाजार होते हुए तहसील परिसर स्थित शहीद स्मारक तक पहुंचा। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने हाथों में जलती मोमबत्तियां लेकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। पूरे मार्ग में माहौल गमगीन रहा। शहीद स्मारक पहुंचने के बाद उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर डॉ. कैलाश पुष्वाण को श्रद्धांजलि दी और शोकाकुल परिवार को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की।

श्रद्धांजलि सभा में वक्ताओं ने कहा कि डॉ. कैलाश पुष्वाण का असमय निधन क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है। वह सरल, सहज और मिलनसार स्वभाव के व्यक्ति थे तथा सामाजिक सरोकारों के साथ ही होटल, होम स्टे और पर्यटन क्षेत्र से भी जुड़े हुए थे। उनके निधन से परिवार के साथ-साथ सामाजिक, व्यापारिक और पर्यटन क्षेत्र में भी गहरा शोक है।

इस दौरान लोगों ने सड़क हादसे के मामले में पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए हादसे के जिम्मेदार वाहन चालक की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की। वक्ताओं ने कहा कि हादसे के बाद परिजनों और क्षेत्रवासियों में आक्रोश है। पुलिस प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दुर्घटना के लिए जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की गई।

वक्ताओं ने कहा कि किसी परिवार के सदस्य को खोने का दर्द शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता। डॉ. कैलाश पुष्वाण के निधन से परिवार ने अपना महत्वपूर्ण सदस्य खोया है, वहीं सामाजिक और पर्यटन क्षेत्र ने भी एक सक्रिय सहयोगी खो दिया है।

कैंडल मार्च में विभिन्न सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, व्यापारियों, होटल एवं होम स्टे संचालकों, मातृशक्ति, युवाओं और बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया। सभी ने एक स्वर में दिवंगत डॉ. कैलाश पुष्वाण को श्रद्धांजलि देते हुए उनके योगदान को याद किया और हादसे के जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ शीघ्र कार्रवाई की मांग की।

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