
मद्महेश्वर यात्रा व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने की मांग, राज्य मंत्री ने डीएम को भेजा ज्ञापन
लक्ष्मण नेगी ऊखीमठ। राज्य मंत्री चंडी प्रसाद भट्ट ने जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग को ज्ञापन भेजकर द्वितीय केदार की यात्रा व्यवस्थाओं को सुदृढ़ बनाने की मांग उठाई है। उन्होंने कहा कि धाम में श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन यात्रा मार्ग और धाम में मूलभूत सुविधाओं की कमी यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बन रही है।
राज्य मंत्री ने मद्महेश्वर धाम में स्थायी हेल्थ यूनिट स्थापित करने की मांग करते हुए कहा कि कठिन पैदल यात्रा के दौरान कई श्रद्धालुओं को स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध होना जरूरी है।
उन्होंने गौण्डार और मद्महेश्वर धाम में एसडीआरएफ जवानों की तैनाती की मांग भी उठाई। उनका कहना है कि संवेदनशील यात्रा मार्ग पर किसी भी आपदा या दुर्घटना की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों के लिए प्रशिक्षित जवानों की मौजूदगी आवश्यक है।
ज्ञापन में मद्महेश्वर धाम, विभिन्न यात्रा पड़ावों और रासी गांव में पेयजल व्यवस्था सुचारू करने की मांग भी की गई है। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर पेयजल संकट के कारण यात्रियों और स्थानीय लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
ने रासी में पार्किंग निर्माण की मांग करते हुए कहा कि यात्रा सीजन में बड़ी संख्या में वाहन पहुंचने से अव्यवस्था की स्थिति बन रही है। पार्किंग बनने से यात्रियों को राहत मिलेगी और यातायात भी सुचारू रहेगा।
उन्होंने विगत वर्ष आपदा से क्षतिग्रस्त पैदल मार्गों की शीघ्र मरम्मत कराने तथा यात्रा मार्ग पर शौचालय और प्रतीक्षालय निर्माण की मांग भी प्रशासन से की। राज्य मंत्री ने कहा कि श्रद्धालुओं को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने जिलाधिकारी से सभी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई करने का आग्रह करते हुए कहा कि उत्तराखंड की आस्था का प्रमुख केंद्र है और यात्रा व्यवस्थाओं को बेहतर बनाना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
