
केएस असवाल गौचर (चमोली) : जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) गौचर में कक्षा-11 की कौशलम पाठ्यचर्या को लेकर तीन दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यशाला आयोजित की गई। सात से नौ सितंबर तक चली कार्यशाला में जिले के राजकीय विद्यालयों से 92 प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया।
कार्यशाला में विद्यार्थियों में उद्यमशील मानसिकता, स्व-जागरूकता, स्वतंत्र सोच, दृढ़ता (ग्रिट) और नई चीजें आजमाने की प्रवृत्ति विकसित करने पर जोर दिया गया। गतिविधि आधारित प्रशिक्षण के माध्यम से प्रतिभागियों को 21वीं सदी के कौशलों में सहकार्यता, संवाद कौशल, तार्किक चिंतन और रचनात्मकता के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया।
कार्यशाला में डॉ. बृजमोहन सिंह रावत, बृजमोहन सौरियाल, डॉ. नरेश ड्यूंडी, हेमचंद्र पांडे, दिनेश लाल आगरी, डॉ. कृपाल भंडारी, संजय कुमार और उद्यम लर्निंग के तेजेंद्र रावत ने संदर्भदाता के रूप में प्रशिक्षण दिया। कार्यक्रम समन्वयक सुबोध कुमार डिमरी समेत डायट के संकाय सदस्यों ने आयोजन में सहयोग किया।
एससीईआरटी उत्तराखंड से डॉ. राकेश गैरोला और शुभ्रा ने कार्यशाला का अनुश्रवण किया। समापन अवसर पर डायट प्राचार्य आकाश सारस्वत ने प्रतिभागियों को संबोधित किया और विद्यार्थियों में व्यवहारिक व जीवनोपयोगी कौशल विकसित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
