संजय कुंवर बदरीनाथ। मुछुकुंद गुफा के ऊपरी पर्वतीय क्षेत्र मूसा पानी के समीप घने कोहरे और खराब मौसम में रास्ता भटक गए 15 सदस्यीय ट्रैकिंग दल को SDRF और ITBP की संयुक्त टीम ने सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया। अभियान के दौरान 75 वर्षीय बुजुर्ग ट्रैकर को विशेष सहायता देकर सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया गया।

पुलिस के अनुसार जोशीमठ स्थित ड्रोन एडवेंचर ट्रैकिंग कंपनी के संचालक नरेंद्र सिंह रावत चार जून को 15 सदस्यीय दल के साथ घमसाली से बदरीनाथ के लिए ट्रैकिंग पर निकले थे। ट्रैकिंग के दौरान दल सरस्वती नदी के पार मूसा पानी क्षेत्र में घने कोहरे और प्रतिकूल मौसम के कारण रास्ता भटक गया।
रात में ट्रैकर्स टॉर्च की रोशनी और आवाज लगाकर मदद मांग रहे थे। क्षेत्र में गश्त कर रहे ITBP जवानों ने उनकी गतिविधियां देखीं और इसकी सूचना थाना बदरीनाथ को दी। सूचना मिलने पर SDRF की टीम एडीएसआई दीपक मेहता के नेतृत्व में घटनास्थल के लिए रवाना हुई।

लगातार बारिश, घने कोहरे और दुर्गम पर्वतीय मार्गों के बीच SDRF टीम ने ट्रैकर्स की लोकेशन का पता लगाने का प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद सरस्वती नदी के पार ट्रैकिंग दल का पता चला। टीम ने सीटी, टॉर्च और आवाज के माध्यम से संपर्क स्थापित किया और सुरक्षित मार्ग का चयन करते हुए करीब डेढ़ घंटे बाद ट्रैकर्स तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
SDRF और ITBP की संयुक्त टीम ने सभी ट्रैकर्स को सुरक्षित निकालकर माना गांव पहुंचाया। इस दौरान 75 वर्षीय उदय प्रांजल को चलने में परेशानी होने पर जवानों ने उन्हें विशेष सहारा देकर सुरक्षित बाहर निकाला।
रेस्क्यू अभियान सफल होने के बाद ट्रैकिंग दल के लीडर नरेंद्र सिंह रावत ने SDRF और ITBP की त्वरित कार्रवाई और सेवा भावना की सराहना करते हुए टीम का आभार जताया। SDRF अधिकारियों ने कहा कि विपरीत मौसम और दुर्गम क्षेत्रों में भी मानव जीवन की सुरक्षा के लिए बल पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
