संजय कुंवर चमोली : जिलाधिकारी गौरव कुमार ने शुक्रवार को दूरस्थ निजमूला घाटी का दौरा कर विकास कार्यों की प्रगति और जनसमस्याओं की समीक्षा की। उन्होंने बिरही-निजमूला सड़क और निर्माणाधीन निजमूला-पाणा सड़क का निरीक्षण करते हुए अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।

डीएम ने भूस्खलन प्रभावित काली चट्टान क्षेत्र का निरीक्षण कर ब्रिडकुल अधिकारियों को सुरक्षा कार्यों में तेजी लाने और समस्या के स्थायी समाधान के लिए कार्ययोजना तैयार करने को कहा। उन्होंने कहा कि क्षेत्रवासियों को बार-बार होने वाली दिक्कतों से राहत दिलाने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं।
ब्यारा गांव के ग्रामीणों ने बाजार क्षेत्र में जल निकासी की समस्या उठाई, जिस पर जिलाधिकारी ने नाली निर्माण कराने के निर्देश दिए। इसके बाद उन्होंने निर्माणाधीन झींझी पुल का निरीक्षण किया और पीएमजीएसवाई अधिकारियों को पर्याप्त मानव संसाधन लगाकर नवंबर माह तक पुल निर्माण कार्य पूरा करने को कहा।
वन विभाग के आवास गृह में आयोजित बैठक में ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने दुर्मी ताल के पुनर्निर्माण, पर्यटन विकास, सड़क, शिक्षा और दूरसंचार सुविधाओं से जुड़ी समस्याएं जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। साथ ही पैदल मार्गों के सुधारीकरण और पर्यटन स्थलों के विकास की मांग भी उठाई।
जिलाधिकारी ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित विभागों को निर्देश दिए जाएंगे और प्राथमिकता के आधार पर विकास कार्यों को आगे बढ़ाया जाएगा।
इस अवसर पर उपजिलाधिकारी राजकुमार पांडे, तहसीलदार दीप्ति शिखा, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी एन.के. जोशी, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता तनुज कम्बोज पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष रघुबीर बिष्ट, पूर्व प्रधान मोहन सिंह नेगी, लक्ष्मण सिंह खाती, दीपा देवी, गजेंद्र रावत, कर्ण सिंह फर्स्वाण, भरत राणा, भगत सिंह फर्स्वाण, बृजलाल, राजेंद्र सिंह, अवतार सिंह, बीरेंद्र सिंह, महेंद्र सिंह सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे।

