
सिमली गैस गोदाम में वितरण व्यवस्था पर उठे सवाल, एसडीएम ने मांगी रोजाना रिपोर्ट
केएस असवाल

चमोली : उपभोक्ताओं को सुरक्षित और पारदर्शी गैस आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए सोमवार को प्रशासन ने सिमली गैस गोदाम से लेकर कर्णप्रयाग के होटल और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों तक सघन जांच अभियान चलाया। इस दौरान कई प्रतिष्ठानों में गैस सिलेंडरों के अभिलेख, क्षमता और उपलब्धता में गड़बड़ी मिलने पर 25 व्यावसायिक और 4 घरेलू सिलेंडर कब्जे में लिए गए।
उपजिलाधिकारी सोहन सिंह रांगण और पूर्ति निरीक्षक ने सिमली स्थित एण्डेन गैस गोदाम (कर्णप्रयाग गैस एजेंसी, जीएमवीएन) का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान 14.2 किलोग्राम के 36, 10 किलोग्राम के 10, 5 किलोग्राम के 6 घरेलू व 15 व्यावसायिक तथा 19 किलोग्राम के 9 व्यावसायिक सिलेंडर भरे हुए पाए गए। सिलेंडरों की नापतोल की जांच में सभी का वजन मानक के अनुरूप मिला और किसी प्रकार की अनियमितता नहीं पाई गई।
हालांकि निरीक्षण के दौरान पूर्ति विभाग का एरिया मूवमेंट प्लान अव्यवस्थित मिला, जबकि गैस वितरण पर्चियों के रख-रखाव में भी सुधार की जरूरत पाई गई। इस पर एसडीएम ने एजेंसी संचालक को निर्देश दिए कि ग्रामवार और बाजारवार गैस वितरण को सुव्यवस्थित किया जाए और प्रतिदिन वितरण की पूरी रिपोर्ट उपजिलाधिकारी कार्यालय को उपलब्ध कराई जाए, ताकि गैस आपूर्ति व्यवस्था और अधिक पारदर्शी व सुचारु बनाई जा सके।
इसके बाद एसडीएम के नेतृत्व में पुलिस और खाद्य पूर्ति विभाग की संयुक्त टीम ने कर्णप्रयाग क्षेत्र के होटलों, ढाबों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में चेकिंग अभियान चलाया। जांच के दौरान कई प्रतिष्ठानों में गैस सिलेंडरों के अभिलेख उपलब्धता और क्षमता के अनुरूप नहीं पाए गए, जिस पर कार्रवाई करते हुए सिलेंडर जब्त किए गए।
यहां से सिलेंडर जब्त
- रावत होटल से 9 व्यावसायिक और 3 घरेलू सिलेंडर
- करण भट्ट स्वीट शॉप से 4 व्यावसायिक सिलेंडर
- कृष्ण पैलेस से 2 व्यावसायिक सिलेंडर
- उमा पैलेस से 2 व्यावसायिक सिलेंडर
- सौरभ स्वीट शॉप से 1 व्यावसायिक सिलेंडर
- ओम पैलेस से 1 घरेलू सिलेंडर
- महाराजा स्वीट्स से 1 व्यावसायिक सिलेंडर
- अरोड़ा स्वीट्स से 1 व्यावसायिक सिलेंडर
- आनंद स्वीट साहब से 1 व्यावसायिक सिलेंडर
उपजिलाधिकारी ने कहा कि उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा और गैस आपूर्ति व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए इस तरह के निरीक्षण और चेकिंग अभियान आगे भी नियमित रूप से जारी रहेंगे।

