चमोली : काशी में सम्मानित हुए ऋषि प्रसाद सती का ज्योतिर्मठ पहुंचने पर भव्य स्वागत

Team PahadRaftar

छोटी दीपावली पर श्री नृसिंह मंदिर परिसर में फूलमालाओं से किया अभिनंदन, बांटी मिठाइयां

संजय कुंवर ज्योतिर्मठ : काशी में धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित होकर लौटे बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के उपाध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती का शनिवार को ज्योतिर्मठ में भव्य स्वागत किया गया। छोटी दीपावली के अवसर पर श्री नृसिंह मंदिर परिसर पहुंचने पर अधिकारियों और कर्मचारियों ने ढोल-दमाऊं की थाप के बीच फूलमालाओं से उनका अभिनंदन किया। इस दौरान परिसर में रंगोली सजाने के साथ मिष्ठान वितरण भी किया गया।

ऋषि प्रसाद सती को वाराणसी में 4 से 6 नवंबर तक आयोजित संस्कृति संसद-2026 एवं अंतरराष्ट्रीय जैन जी कॉन्क्लेव में गंगा महासभा की ओर से विशिष्ट सम्मान प्रदान किया गया। संत-महापुरुषों की उपस्थिति में उन्हें यह सम्मान धार्मिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए दिया गया।

शुक्रवार को ज्योतिर्मठ लौटने के बाद शनिवार को मंदिर समिति के अधिकारियों और कर्मचारियों ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर ऋषि प्रसाद सती ने सभी का आभार जताते हुए दीपावली की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति, सनातन परंपराओं और धार्मिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं। काशी में मिला सम्मान देवभूमि उत्तराखंड की धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं के लिए भी गौरव की बात है।

इस अवसर पर श्री नृसिंह मंदिर प्रभारी एवं प्रशासनिक अधिकारी राजेंद्र सेमवाल, पुजारी सुशील डिमरी, रामप्रसाद थपलियाल, अमित देवराड़ी, लक्ष्मी प्रसाद सेमवाल और आशीष नंबूदरी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

Leave a Reply

You May Like