ढोल-दमाऊं की थाप पर गूंजा पूरा क्षेत्र, बोले- यह जीत पूरे उत्तराखंड की है
केएस असवाल पोखरी। विश्व की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट फतह कर इतिहास रचने वाले पोखरी के युवा पर्वतारोही राहुल नेगी का पहली बार अपने गृह क्षेत्र पहुंचने पर अभूतपूर्व स्वागत हुआ। पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। स्थानीय लोगों, युवाओं और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने ढोल-दमाऊं की गूंज, फूल-मालाओं और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ उनका भव्य अभिनंदन किया।
स्वागत समारोह में लोगों ने राहुल नेगी की उपलब्धि को केवल उनकी व्यक्तिगत सफलता नहीं, बल्कि पूरे उत्तराखंड और विशेष रूप से पोखरी क्षेत्र का गौरव बताया। जगह-जगह लोगों ने उनका स्वागत कर शुभकामनाएं दीं और युवाओं के लिए उन्हें प्रेरणास्रोत बताया।
सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए राहुल नेगी ने कहा कि माउंट एवरेस्ट पर तिरंगा फहराने का सपना उनके साथ-साथ पूरे क्षेत्र के लोगों का था। उन्होंने इस उपलब्धि का श्रेय माता-पिता, गुरुजनों, शुभचिंतकों और क्षेत्रवासियों के विश्वास व आशीर्वाद को देते हुए सभी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने युवाओं से कठिन परिश्रम, अनुशासन और दृढ़ संकल्प के साथ अपने सपनों को साकार करने का आह्वान किया।
राहुल ने कहा कि उत्तराखंड के युवाओं में साहसिक खेलों और पर्वतारोहण के क्षेत्र में देश-दुनिया में पहचान बनाने की अपार क्षमता है। जरूरत केवल सही मार्गदर्शन, निरंतर अभ्यास और आत्मविश्वास की है। उनकी उपलब्धि से क्षेत्र के युवाओं में पर्वतारोहण और एडवेंचर स्पोर्ट्स के प्रति नया उत्साह देखने को मिल रहा है।
इस अवसर पर पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र भंडारी, जिला पंचायत सदस्य बीरेंद्र राणा, डॉ. मातबर रावत, प्रधान सेरा मालकोटी राजेश भंडारी, प्रदीप चौहान, मनोज भंडारी, रंजना रावत, सुनीता चमोला सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, युवा और क्षेत्रवासी उपस्थित थे।

