
संजय कुंवर
सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधा समा, नशामुक्ति पर नाटक ने दिया सशक्त संदेश
ज्योतिर्मठ/जोशीमठ : धर्मनगरी ज्योतिर्मठ स्थित सीमांत क्षेत्र के प्रमुख उच्च शिक्षा संस्थान राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय जोशीमठ का वार्षिकोत्सव हर्षोल्लास के साथ सम्पन्न हो गया। समारोह में रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ-साथ शैक्षणिक एवं क्रीड़ा क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में अभिभावकों और नगर के गणमान्य नागरिकों की भी उल्लेखनीय भागीदारी रही।

समारोह में बदरी-केदार मंदिर समिति के उपाध्यक्ष एवं दर्जाधारी राज्य मंत्री ऋषि प्रसाद सती मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि समाजसेवी सरदार सेवा सिंह अतिविशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। अन्य विशिष्ट अतिथियों में जिला रेड क्रॉस समिति के अध्यक्ष ओमप्रकाश डोभाल, अभिभावक-शिक्षक संघ अध्यक्ष उमेश राणा, उपाध्यक्ष मीना राणा, पूर्व पार्षद कलम सिंह राणा एवं डॉ. मित्रश्री उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत प्राचार्य प्रो. प्रीति कुमारी द्वारा अतिथियों के स्वागत एवं वार्षिक आख्या वाचन से हुई, जिसमें महाविद्यालय की शैक्षणिक उपलब्धियों और गतिविधियों का विस्तार से उल्लेख किया गया।
वार्षिकोत्सव में छात्र-छात्राओं ने उत्तराखंड की समृद्ध लोकसंस्कृति पर आधारित एकल एवं समूह नृत्य, गायन और मांगल गीतों की मनमोहक प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया। वहीं एंटी ड्रग्स प्रकोष्ठ द्वारा प्रस्तुत “नशामुक्त जीवन एक वरदान है” नाटक ने युवाओं में बढ़ते नशे के प्रचलन पर तीखा प्रहार करते हुए समाज को जागरूक करने का संदेश दिया।
मुख्य अतिथि ऋषि प्रसाद सती ने अपने संबोधन में महाविद्यालय से अपने पुराने जुड़ाव का उल्लेख करते हुए सार्वजनिक मंच की छत निर्माण कराने की घोषणा की। साथ ही उन्होंने स्नातकोत्तर स्तर पर और अधिक विषयों की सुविधा उपलब्ध कराने का आश्वासन भी दिया। अतिविशिष्ट अतिथि सरदार सेवा सिंह ने उच्च शिक्षा को राष्ट्र निर्माण की आधारशिला बताते हुए महाविद्यालय परिसर में मंच के विस्तार और स्वच्छता के लिए घास काटने की मशीनें उपलब्ध कराने की घोषणा की।
इस अवसर पर “मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा प्रोत्साहन छात्रवृत्ति योजना” के अंतर्गत उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 19 मेधावी छात्र-छात्राओं को स्वर्ण, रजत एवं कांस्य पदक तथा प्रमाणपत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। इसके अलावा वार्षिक क्रीड़ा प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को भी पुरस्कृत किया गया। पुरुष वर्ग में सीमांत सिंह फर्स्वाण और महिला वर्ग में प्रियंका को चैंपियन घोषित किया गया।
सांस्कृतिक परिषद की ओर से छात्रसंघ पदाधिकारियों—अध्यक्ष दिव्यांशु, उपाध्यक्ष रिया, सचिव सृष्टि, सह सचिव मनीषा एवं कोषाध्यक्ष स्नेहा को भी सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. नवीन पंत एवं डॉ. रणजीत सिंह मर्तोलिया ने किया, जबकि छायांकन हरीश नेगी द्वारा किया गया। समारोह में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।

