
खरगे की रैली के बाद मंच शुद्धिकरण पर गरमाई सियासत, विधायक बोले- कांग्रेस खेल रही जातिवाद का कार्ड
गिरीश चंदोला, थराली। हल्द्वानी में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की रैली के बाद मंच के शुद्धिकरण को लेकर प्रदेश की सियासत गरमा गई है। कांग्रेस जहां इसे दलित समाज के अपमान से जोड़कर भाजपा पर हमलावर है, वहीं भाजपा ने भी कांग्रेस के आरोपों पर पलटवार किया है। थराली विधायक भूपालराम टम्टा ने कांग्रेस पर चुनाव नजदीक आते ही मामले को जातीय रंग देकर राजनीतिक लाभ लेने का आरोप लगाया।
सोमवार को थराली में आयोजित पत्रकार वार्ता में विधायक भूपालराम टम्टा ने कहा कि भाजपा का मूल मंत्र सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास है। भाजपा किसी भी व्यक्ति के साथ जाति के आधार पर भेदभाव की पक्षधर नहीं है। केंद्र और प्रदेश सरकार सभी वर्गों के लिए जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित कर रही हैं।
विधायक ने कहा कि कांग्रेस को विकास और जनहित के मुद्दों पर जनता के बीच जाना चाहिए। जातीय भावनाओं को भड़काकर राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास उचित नहीं है। उन्होंने कांग्रेस की ओर से लगाए जा रहे आरोपों को राजनीतिक बताते हुए कहा कि जनता इस तरह की राजनीति को समझ चुकी है।
मंच के शुद्धिकरण को लेकर शुरू हुआ विवाद
हल्द्वानी में खरगे की रैली के बाद कार्यक्रम स्थल के मंच के शुद्धिकरण को लेकर विवाद सामने आया था। कांग्रेस ने इसे दलित समाज के अपमान से जोड़ते हुए भाजपा पर निशाना साधा था। इसके बाद भाजपा नेताओं ने कांग्रेस के आरोपों को राजनीति से प्रेरित बताते हुए पलटवार किया।
जातिसूचक टिप्पणी और मुकदमे का मुद्दा उठा
पत्रकार वार्ता के दौरान जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल और इस मामले में दर्ज मुकदमे का मुद्दा भी उठा। विधायक ने कांग्रेस पर पूरे प्रकरण को राजनीतिक रंग देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि समाज को बांटने के बजाय राजनीतिक दलों को विकास और जनहित के मुद्दों पर चर्चा करनी चाहिए।
विधायक ने कांग्रेस पर ‘विक्टिम कार्ड’ की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि चुनाव के समय जातीय भावनाओं को उभारने के बजाय जनता के वास्तविक मुद्दों पर बात होनी चाहिए।
