
हेमकुंड-फूलों की घाटी मार्ग पर 26 हजार बैग कचरा एकत्र
संजय कुंवर घांघरिया। हेमकुंड साहिब और फूलों की घाटी राष्ट्रीय उद्यान यात्रा मार्ग पर पर्यावरण संरक्षण को लेकर ईको विकास समिति (ईडीसी) भ्यूंडार का अभियान जारी है। समिति ने 20 मई से 10 सितंबर तक यात्रा मार्ग और आसपास के क्षेत्रों से करीब 26,300 बैग प्लास्टिक व अन्य कचरा एकत्र किया है। इसमें 22,300 बैग प्लास्टिक बोतल व अन्य प्लास्टिक सामग्री तथा चार हजार बैग रैपर, रेनकोट आदि शामिल हैं।
ईडीसी भ्यूंडार के अध्यक्ष प्रवेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि एकत्र कचरे को घांघरिया पहुंचाकर पृथक्करण किया जा रहा है। इसके बाद घोड़े-खच्चरों के माध्यम से कचरे को घांघरिया से पुलना तक पहुंचाया जाता है, जहां इसके उचित निस्तारण और पुनर्चक्रण की प्रक्रिया की जाती है।
यात्रा मार्ग को पांच जोन में बांटकर सफाई व्यवस्था संचालित की जा रही है। करीब 60 पर्यावरण मित्र प्रतिदिन विभिन्न क्षेत्रों में कचरा संग्रहण और सफाई कार्य में जुटे हैं। कार्य की निगरानी के लिए सफाई सुपरवाइजर और सफाई नायक भी तैनात किए गए हैं।
दुर्गम क्षेत्र में चुनौतीपूर्ण कार्य
हेमकुंड साहिब और फूलों की घाटी क्षेत्र ऊंचाई वाला और पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील है। विषम भौगोलिक परिस्थितियों के बीच कचरे को घांघरिया से पुलना तक पहुंचाना चुनौतीपूर्ण है। इसके बावजूद समिति की ओर से ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन का कार्य लगातार किया जा रहा है। समिति का उद्देश्य प्लास्टिक प्रदूषण कम करने के साथ हिमालयी पर्यावरण और जैव विविधता का संरक्षण करना है।
