
ज्योतिर्मठ में मशरूम प्रशिक्षण से आत्मनिर्भरता की राह, युवाओं-किसानों में उत्साह
संजय कुंवर
चमोली जिले के ज्योतिर्मठ क्षेत्र में मशरूम उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय युवाओं और किसानों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। कार्यक्रम में काशीपुर से आए मशरूम प्रशिक्षक शुभम बडोला ने प्रतिभागियों को आधुनिक तकनीकों के माध्यम से मशरूम उत्पादन की बारीकियां सिखाईं।

प्रशिक्षण में ज्योतिर्मठ की मास्टर ट्रेनर श्रीमती सुमेधा भट्ट और अनीता पंवार ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने प्रतिभागियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण देते हुए मशरूम की खेती से जुड़ी जरूरी जानकारियां साझा कीं।
इस दौरान प्रशिक्षकों ने मशरूम उत्पादन के लिए उपयुक्त वातावरण, गुणवत्तापूर्ण स्पॉन (बीज), तापमान और नमी के संतुलन के साथ-साथ रोगों से बचाव के उपायों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कम लागत में मशरूम उत्पादन एक लाभकारी व्यवसाय बन सकता है, जो ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार के नए अवसर खोल सकता है।
कार्यक्रम में शामिल प्रतिभागियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रशिक्षण उन्हें आत्मनिर्भर बनने की दिशा में प्रेरित करते हैं। स्थानीय स्तर पर इस तरह के प्रयासों से रोजगार सृजन और आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

