
केएस असवाल
ऊखीमठ : गुरूवार को सम्पन्न हुए प्रथम चरण के त्रिस्तरीय पंचायत मे 231 प्रत्याशियों का भाग्य का फैसला मत पेटियों में कैद होने के बाद गुणा – भाग का गणित शुरू हो गया है। कुछ पोलिंग बूथों पर मतदाताओं में भारी उत्साह देखा गया जबकि कुछ मतदान केंद्रो पर मतदाताओं का नाम वोटर लिस्ट से गायब होने पर उन्हे बैरंग लौटना पड़ा।मतदान के दिन पुलिस व प्रशासन की चौकन्ना दिखा।

प्रथम में सम्पन्न हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव निष्पक्ष व शान्तिपूर्ण तरीके से सम्पन्न कराने के लिए विकासखंड ऊखीमठ को दो जोन, नौ सेक्टरों में विभाजित किया गया था तथा ग्राम पंचायत सदस्य से लेकर जिला पंचायत सदस्य के लिए 231 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। सीमांत ग्राम पंचायत गिडगू व पल्द्वाणी पोलिंग बूथों पर दोपहर बाद मतदाताओं में खासा उत्साह देखने को मिला जबकि कुछ मतदान केंद्रों पर सुबह के समय सन्नाटा पसरा रहा तथा दोपहर बाद सभी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। मदमहेश्वर घाटी के अन्तर्गत रासी पोलिंग बूथ पर लगभग दो दर्जन से अधिक मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से गायब होने के कारण उन्हे बैरंग लौटना पड़ा।

68 वर्षीय पवित्रा देवी कांडा तोक से लगभग एक किमी की दूरी पैदल तय करने के बाद पोलिंग बूथ पर पहुंची मगर मतदाता सूची से नाम गायब होने के कारण उन्हे बैरंग लौटना पड़ा। रासी गाँव निवासी दिलवर सिंह नेगी ने बताया कि ऊखीमठ से 22 किमी की दूरी निजी वाहन से तय करने के बाद वे रासी पोलिंग बूथ पहुंचे मगर वोटर लिस्ट से उनका नाम गायब होने से वे अपने मताधिकार का प्रयोग नही कर सके।

